Ganga water: प्रयागराज में जनवरी-फरवरी में आयोजित किए गए महाकुंभ में 66 करोड़ से अधिक श्रद्धालुओं ने त्रिवेणी संगम में पुण्य की डुबकी लगाई. वहीं, इस त्रिवेणी के पावन जल की डुबकी से कोई छूट न जाय इसके लिए यूपी की योगी सरकार ने अग्निशमन विभाग की तरफ से प्रदेश के सभी जिलों में त्रिवेणी का पवित्र जल पहुंचाया. ऐसे में अब इस पवित्र जल की मांग अब विदेशों से भी आनी शुरू हो गई है.
दरअसल, उत्तर प्रदेश सरकार ने महाकुंभ के समापन के बाद प्रदेश के सभी जिलों में संगम के जल को महाप्रसाद के रूप में पहुंचाने का निर्णय लिया था, लेकिन अब देश के बाहर भी यही पवित्र गंगा जल भेजने की मांग आई है, जिसकी पहली खेप भी प्रयागराज से भेज दी गई है.
जर्मनी भेजी गई त्रिवेणी जल की पहली खेप
बता दें कि प्रयागराज से श्री पंच दशनाम जूना अखाड़े के आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी अवधेशानंद गिरी के माध्यम से कांच की 1000 बोतल में त्रिवेणी का पवित्र गंगा जल जर्मनी भेजा गया है. दरअसल, जर्मनी से जो श्रद्धालु किसी कारण वश महाकुम्भ नहीं पहुंच सके उनके लिए यह त्रिवेणी का जल भेजा गया है.
50 हजार से ज्यादा बोतलें हुईं पैक
प्रयागराज के एनआरएलएम उपायुक्त राजीव कुमार सिंह ने बताया कि जसरा की नारी शक्ति महिला प्रेरणा संकुल स्तरीय समिति की तरफ से त्रिवेणी के गंगा जल की आपूर्ति की जा रही है. दरअसल प्रदेश सरकार द्वारा महाकुंभ के दिव्य और भव्य आयोजन के समय ही जिले में बड़े स्तर त्रिवेणी के गंगा जल की पैकेजिंग की शुरुआत महिला स्वयं सहायता समूह की तरफ से हो गई थी.
50 हजार से अधिक बोतलों की हो चुकी है पैकिंग
ऐसे में जसरा की नारी शक्ति महिला प्रेरणा संकुल स्तरीय समिति की प्रभारी नमिता सिंह ने बताया कि महाकुम्भ के आयोजन के बाद अब तक 50 हजार से अधिक बोतल में पैक किया हुआ गंगा जल स्वयं सहायता समूह की उनकी महिलाओं द्वारा भेजा चुका है. हाल ही में उन्होंने नागपुर के शिव शंभू ग्रुप सोसायटी को 50 हजार बोतल त्रिवेणी का जल भेजा है. 500 एम एल की बोतल में यह गंगा जल भेजा गया है, जबकि जर्मनी जो गंगा जल भेजा गया था वह 250 एमएल की बोतल में था.
इसे भी पढें:-‘ईरान को छुआ तो मचेगी तबाही’, भारत के इस प्रोजेक्ट के लिए अमेरिका से भिड़ने को तैयार हुआ रूस!