भाई-बहन ने नहीं मानी मां की बात, निकल पड़े हरिद्वार, दोनों हो गए हादसे का शिकार

यमुनानगरः कहा जाता है की जिंदगी और मौत ऊपर वाले के हाथ में होती है. बिना उसकी मर्जी के एक पत्ता भी नहीं हिलता है. शायद यह ऊपर वाले की ही मर्जी थी कि एक मां द्वारा अपने बच्चों को रोकने के बाद भी वह बाइक से हरिद्वार के लिए निकल पड़े और दोनों की जिंदगी हादसे का शिकार हो गई. यह हादसा जगाधरी पांवटा नेशनल हाईवे 73ए पर भिलपुरा गांव के पास हुआ. तेज रफ्तार कार ने बाइक सवार भाई-बहन को कुचल दिया, जिससे दोनों की घटनास्थल पर ही मौत हो गई. सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में ले लिया.

बाइक से हरिद्वार जा रहे थे भाई-बहन
जानकारी के अनुसार, कांसापुर की बूटर विहार कॉलोनी निवासी 18 वर्षीय सचिन व उसकी 15 वर्षीय बहन प्रिया शनिवार को तड़के 4 बजे घर से बाइक से हरिद्वार जाने के लिए निकले. पैसा न होने पर उनकी मां रानी ने उन्हें हरिद्वार जाने से मना किया था, लेकिन फिर भी वह निकल पड़े.

मौके पर ही हो गई दोनों की मौत
अभी दोनों नेशनल हाईवे 73ए पर भिलपुरा गांव के नजदीक पहुंचे थे कि सामने से आ रही तेज रफ्तार कार ने बाइक में टक्कर मार दी. टक्कर लगने से दोनों बाइक सहित सड़क पर गिर पड़े. बताया जा रहा है भाई-बहन के गिरने के बाद कार उन्हें कुचलती हुई निकल गई, जिससे दोनों की मौके पर ही मौत हो गई. दुर्घटना के बाद कार चालक मौके से फरार हो गया. सूचना मिलने पर छछरौली पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों के शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम हाउस में पहुंचाया. पुलिस ने आरोपी कार चालक पर केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है.

पैसा न होने पर मां ने किया था मना
चार साल पहले ही उनके पिता नीटू की मौत हो चुकी थी. दोनों भाई बहन ही अपनी मां का सहारा थे. दोनों की मौत से मां बेसुध हो गई. सहारनपुर के गांव बिडबी निवासी सुलेख चंद ने बताया कि उसके जीजा नीटू की लगभग चार साल पहले मौत हो गई थी. उसकी बहन रानी अपने बेटे सचिन व बेटी प्रिया के साथ बूटर विहार कॉलोनी में किराए के मकान में रहती है. उसका भांजा सचिन एक मिस्त्री के यहां बाइक रिपेयर करने का काम करता था. शुक्रवार की शाम सचिन व प्रिया ने अपनी मां रानी से हरिद्वार घूमने जाने के लिए रुपये मांगे थे, लेकिन उसकी मां ने पैसा न होने पर उन्हें हरिद्वार जाने से मना किया था. इसके बाद सचिन ने अपने मिस्त्री से हरिद्वार जाने के लिए रुपये लिए और बहन के साथ हरिद्वार के लिए निकल गया. शायद दोनों मां की बात मान गए होते तो उनकी जिंदगी हादसे का शिकार होने से बच जाती.

Latest News

Ram Navmi के लिए अयोध्या के राम मंदिर में हुई ये तैयारि‍यां, प्रसाद वितरण के लिए बनाए गए काउंटर

Ram Navmi 2025 : राम नवमी को बेहद खास तरीके से मनाने के लिए अयोध्या के राम मंदिर में...

More Articles Like This

Exit mobile version